Sports

साउथ अफ्रीका के खिलाफ 2-1 से टेस्ट सीरीज हारा भारत, नहीं बदल पाया इतिहास

इस मैच में हार के साथ ही भारत ने तीन मैचों की टेस्ट सीरीज को 1-2 से गंवा दिया साथ ही साथ टीम इंडिया 29 साल का इतिहास बदलने में कामयाब नहीं रही। भारत ने साउथ अफ्रीकी धरती पर टेस्ट सीरीज जीतने का मौका गंवा दिया।

केपटाउन। केपटाउन में भारत और साउथ अफ्रीका के बीच तीन मैचों की टेस्ट सीरीज का आखिरी मुकाबला खेला गया। इस मैच में जीत के लिए भारत ने साउथ अफ्रीका को 212 रन का लक्ष्य दिया। जीत के लिए मिले इस लक्ष्य को साउथ अफ्रीका ने चौथे दिन ही 3 विकेट खोकर हासिल कर लिया और 7 विकेट से मैच जीत दिला। प्रोटियाज ने दूसरी पारी में 3 विकेट पर 212 रन बनाते हुए मैच जीत लिया।

इस मैच में हार के साथ ही भारत ने तीन मैचों की टेस्ट सीरीज को 1-2 से गंवा दिया साथ ही साथ टीम इंडिया 29 साल का इतिहास बदलने में कामयाब नहीं रही। एक बार फिर से भारत ने साउथ अफ्रीकी धरती पर टेस्ट सीरीज जीतने का मौका गंवा दिया। साउथ अफ्रीका एकमात्र जगह है जहां भारत ने अब तक एक बार भी कोई टेस्ट सीरीज नहीं जीता है। इस बार टीम इंडिया के पास शानदार मौका था क्योंकि मेजबान टीम कमजोर नजर आ रही थी, लेकिन जिस तरह से उन्होंने वापसी की वो कमाल का रहा। कीगन पीटरसन को मैन आफ द मैच और प्लेयर आफ द सीरीज चुना गया।

इस मैच में भारतीय टीम ने पहली पारी में 223 रन बनाए थे जिसके जवाब में मेजबान टीम पहली पारी में 210 रन पर आल आउट हो गई। इसके बाद भारत ने दूसरी पारी में रिषभ पंत की नाबाद शतकीय पारी के दम पर 198 रन बनाए और पहली पारी की 13 रन की बढ़त के साथ टीम इंडिया की कुल बढ़त 211 रन की रही।

यह  भी पढ़ें – केपटाउन टेस्ट: पहली पारी में भारत 223 में ऑल आउट, कोहली ने बनाये 79 रन

दक्षिण अफ्रीका की दूसरी पारी, कीगन पीटरसन का अर्धशतक

दक्षिण अफ्रीका को दूसरी पारी में तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने एडेन मार्करम को आउट करके पहला झटका दिया। उऩ्होंने 16 रन बनाए। दूसरा विकेट डीन एल्गर के तौर पर गिरा और उन्होंने बुमराह की गेंद पर 30 रन बनाकर अपना विकेट गंवा दिया। इस विकेट के गिरने के बाद अंपायरों ने तीसरे दिन स्टंप्स का एलान कर दिया। कीगन पीटरसन 82 रन बनाकर शार्दुल ठाकुर की गेंद पर बोल्ड हो गए। डुसेन 41 रन जबकि बावुमा 32 रन बनाकर नाबाद रहे। दूसरी पारी में भारत की तरफ से बुमराह, शमी और शार्दुल को एक-एक विकेट मिले।

भारत की दूसरी पारी, रिषभ पंत का साउथ अफ्रीका में पहला टेस्ट शतक

भारतीय ओपनर बल्लेबाज केएल राहुल और मयंक अग्रवाल ने पहली पारी की तरह से दूसरी पारी में भी अपनी बल्लेबाजी से निराश किया। राहुल जहां जानसेन की गेंद पर 10 रन बनाकर तो वहीं मयंक रबादा की गेंद पर 7 रन बनाकर आउट हो गए। पुजारा ने सिर्फ 7 रन पर जानसेन की गेंद पर पीटरसन को अपना कैच थमा दिया। रहाणे ने भी दूसरी पारी में निराश किया और सिर्फ एक रन पर रबादा की गेंद पर विकेट के पीछे कैच आउट हुए। विराट कोहली को 29 रन पर आउट करके लूंगी नगीडी ने टीम को पांचवा झटका दिया। रविचंद्रन अश्विन सात रन बनाकर नगीडी की गेंद पर पवेलियन लौट गए। शार्दुल ठाकुर नगीदी की गेंद पर पांच रन बनाकर आउट हुए। उमेश यादव डक पर रबादा की गेंद पर आउट हुए। शमी को मार्को जानसेन ने डक पर आउट किया। बुमराह दो रन बनाकर जानसेन की गेंद पर आउट हुए। रिषभ पंत 100 रन बनाकर नाबाद रहे। दूसरी पारी में साउथ अफ्रीका की तरफ से जानसेन ने चार जबकि रबाडा व नगीडी ने तीन-तीन सफलता हासिल की।

भारत व साउथ अफ्रीका की पहली पारी

भारतीय टीम ने पहली पारी में 223 रन बनाने में सफलता हासिल की। प्रोटियाज गेंदबाजों की आग उगलती गेंद से सामने ज्यादातर भारतीय बल्लेबाजों ने सरेंडर कर दिया था। हालांकि कप्तान कोहली ने शानदार अंदाज में बल्लेबाजी की और टीम के लिए अहम 79 रन बनाए तो वहीं पुजारा ने 43 रन का योगदान दिया। टीम के अन्य बल्लेबाजों में राहुल ने 12 रन, मयंक ने 15 रन, रहाणे ने 9 रन, पंत ने 27 रन का योगदान दिया। साउथ अफ्रीका की तरफ से पहली पारी में रबादा ने चार विकेट जबकि जानसेन ने तीन सफलता अर्जित की।

पहली पारी में एक तरफ जहां भारतीय बल्लेबाज साउथ अफ्रीकी गेंदबाजों के सामने ज्यादा कुछ नहीं कर पाए तो दूसरी तरफ मेजबान टीम की हालत भी भारतीय गेंदबाजों ने खराब कर दी। हालांकि कीगन पीटरसन ने 72 रन की अच्छी पारी जरूर खेली, लेकिन कप्तान एल्गर इस पारी में 3 रन पर ही निपट गए। केशव महाराज ने 25 रन, वान डेर डुसेन ने 21 रन जबकि तेंबा बावुमा ने 28 रन का योगदान टीम के लिए दिया। भारत की तरफ से पहली पारी में सबसे सफल गेंदबाज बुमराह रहे जिन्होंने 5 विकेट झटके तो वहीं उमेश यादव व शमी ने दो-दो जबकि शार्दुल ठाकुर को एक सफलता मिली।

भारत बनाम साउथ अफ्रीका अब तक के टेस्ट सीरीज के नतीजे

1992/93 – हार (0-1)

1996/97 – हार (0-2)

2001/02 – हार (0-1)

2006/07 – हार (1-2)

2010/11 – ड्रॉ (1-1)

2013/14 – हार (0-1)

2017/18 – हार (1-2)

2021/22 – हार (1-2)

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: you can not copy this content !!
%d bloggers like this: