Deprecated: Required parameter $output follows optional parameter $depth in /home/globale1/public_html/wp-content/themes/jannah/framework/classes/class-tielabs-mega-menu.php on line 451
नीट पीजी काउंसलिंग में 1:5 सीट रेशियो की मांग, सुप्रीम कोर्ट ने कहा- हाईकोर्ट जाएं - Global E-Campus
Indian NewsMedical College

नीट पीजी काउंसलिंग में 1:5 सीट रेशियो की मांग, सुप्रीम कोर्ट ने कहा- हाईकोर्ट जाएं

नीट पीजी काउंसलिंग 2021 में 1:5 सीट अनुपात के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ताओं से हाईकोर्ट जाने के लिए कहा है। 

नई दिल्ली। नीट पीजी 2021 काउंसलिंग पर विवाद थम नहीं रहा है। अब नीट पीजी काउंसलिंग 2021 में सीट अनुपात का मामला सुर्खियों में है। इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाई गई थी, जिसे शीर्ष अदालत ने खारिज कर दिया है। जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और जस्टिस एएस बोपन्ना की बेंच ने याचिकाकर्ताओं को संबंधित हाईकोर्ट में अपील करने की सलाह दी है। इसके बाद याचिकाकर्ता की ओर से वकील डॉ. चारू माथुर ने सर्वोच्च न्यायालय से याचिका वापस लेने और हाईकोर्ट जाने की दर्ख्वास्त की है।

यह याचिका संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत लगाई गई थी। अब सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता को भारतीय संविधान के अनुच्छेद 226 के अंतर्गत हाईकोर्ट जाने की अनुमति दे दी है।

यह भी पढ़ें – आईसीएसआई सीएस का एडमिट कार्ड जारी, इस डायरेक्ट लिंक से करें डाउनलोड

कोर्ट रूम में क्या हुआ?

नीट पीजी एडमिशन 2021 में 1:5 सीट अनुपात लागू करने की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सोमवार, 13 दिसंबर 2021 को सुनवाई हुई। याचिकाकर्ता की ओर से वकील चारू माथुर ने कहा कि ‘उन्होंने मेडिकल पीजी एडमिशन में सीट अनुपात का नियम खत्म कर दिया है। वे 2017 तक इसका पालन कर रहे थे। इसका असर पूरे देश पर होगा।’

जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि ‘आप पश्चिम बंगाल में अभ्यर्थियों के इन-सर्विस रिजर्वेशन के संबंध में बात कर रहे हैं। यह पूरे देश का मुद्दा नहीं है। आप हाईकोर्ट जाएं। अगर हम आर्थिक कमजोर वर्ग पर कोई फैसला लेंगे, तो आप उसमें जरूर कवर होंगे। लेकिन इन-सर्विस कैंडिडेट्स रिजर्वेशन के मामले में आप हाईकोर्ट जा सकते हैं।’

क्या है मामला?

याचिकाकर्ता ने आनंद एस बीजी बनाम स्टेट ऑफ केरल मामले में शर्त 3 का हवाला देते हुए कहा कि ‘नीट पीजी ऑनलाइन काउंसलिंग प्रक्रिया में एडमिशन के लिए उपल्ध सीटों की संख्या से 5 गुना या कुल पास कैंडिडेट्स (जो भी कम हो) को बुलाये जाने का प्रावधान किया गया था।’

‘लेकिन केंद्र ने नीट पीजी 2021 में यह प्रावधान हटा दिया गया है, क्योंकि नीट पीजी 2021 इनफॉर्मेशन बुलेटिन में इस नियम का जिक्र नहीं किया गया है। केंद्र के इस निर्णय से अनारक्षित श्रेणी के लिए प्रतियोगिता और ज्यादा कठिन हो जाएगी।’ याचिका में कहा गया है कि ‘यह अजीब है कि एक तरफ केंद्र सरकार टॉप कोर्ट के निर्देश की अवहेलना कर रही है और दूसरी तरफ वे परीक्षाओं के परिणाम को कोर्ट के आदेश का विषय बता देती है।’

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
%d bloggers like this: